*किरंदुल: NMDC लोडिंग प्लांट रोड का कीचड़ बना बच्चों के लिए मुसीबत, स्कूल जाने में हो रही परेशानी*
किरंदुल, 16 जून 2025: आज से किरंदुल के सभी स्कूलों में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत हो गई, लेकिन स्कूलों के खुलते ही बच्चों को एक बड़ी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। NMDC लोडिंग प्लांट के पास की सड़क कीचड़ से भरी हुई है, जिससे स्कूल जाने वाले बच्चों को भारी परेशानी हो रही है। खासकर प्रकाश विद्यालय और डीएवी स्कूल के छात्र-छात्राओं को इस कीचड़ भरे रास्ते को पार करने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों और अभिभावकों के अनुसार, NMDC लोडिंग प्लांट रोड पर कीचड़ इतना अधिक है कि बच्चे गिरते-पड़ते स्कूल जा रहे हैं। आज सुबह दो बच्चे इस कीचड़ में गिर गए, जिससे उनकी स्कूल यूनिफॉर्म खराब हो गई और उन्हें चोटें भी आईं। अभिभावक रमेश कुमार ने बताया, “अभी तो बारिश शुरू भी नहीं हुई है और सड़क की यह हालत है। अगर बारिश हो गई तो बच्चे स्कूल कैसे जाएंगे? यह सड़क बच्चों के लिए खतरा बन चुकी है।”
बच्चों की सुरक्षा पर सवाल स्कूल प्रशासन ने भी इस समस्या को गंभीर बताया। अभिवावक ने कहा, “हम बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। इस सड़क की स्थिति सुधारने के लिए स्थानीय प्रशासन और NMDC प्रबंधन को तुरंत कदम उठाने चाहिए।” स्थानीय निवासियों का कहना है कि NMDC के लोडिंग प्लांट से निकलने वाले मलबे और धूल के कारण यह सड़क हर साल खराब हो जाती है, लेकिन इसकी मरम्मत या रखरखाव पर ध्यान नहीं दिया जाता।
स्थानीय प्रशासन और NMDC की जिम्मेदारी किरंदुल में NMDC का लोडिंग प्लांट क्षेत्र की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है, लेकिन इसकी गतिविधियों से स्थानीय लोगों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ता है। पिछले साल जुलाई 2024 में भारी बारिश के कारण NMDC के एक चेक डैम के टूटने से किरंदुल में भारी तबाही मची थी, जिसमें सड़कों और घरों में कीचड़ और लाल पानी भर गया था। इस घटना के बाद भी सड़कों की स्थिति में सुधार नहीं हुआ है।
अभिभावकों और स्थानीय निवासियों ने मांग की है कि NMDC प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन इस सड़क की मरम्मत के लिए तुरंत कदम उठाए। एक अभिभावक, सुनीता देवी ने कहा, “NMDC को सामाजिक जिम्मेदारी निभानी चाहिए। बच्चों की पढ़ाई और सुरक्षा के लिए इस सड़क को ठीक करना जरूरी है।”
आगे क्या? चूंकि मानसून का मौसम नजदीक है, इस सड़क की स्थिति और बिगड़ सकती है। अगर समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो सकती है। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क की मरम्मत के साथ-साथ जल निकासी की उचित व्यवस्था भी की जाए, ताकि बारिश के दौरान कीचड़ की समस्या से बचा जा सके।
यह मुद्दा न केवल बच्चों की सुरक्षा से जुड़ा है, बल्कि किरंदुल के बुनियादी ढांचे की कमी को भी उजागर करता है। अब देखना यह है कि NMDC और स्थानीय प्रशासन इस समस्या के समाधान के लिए कितनी तत्परता दिखाते हैं। बच्चों का भविष्य सुरक्षित रखने के लिए त्वरित कार्रवाई की जरूरत है।

