*किरंदुल: जर्जर PWD पुल पर मंडराया खतरा, नगरपालिका उपाध्यक्ष ने AM/NS और NMDC को लिया आड़े हाथ*
किरंदुल, 21 अप्रैल 2025: वार्ड नंबर 18 में स्थित PWD का पुराना पुल अपनी जर्जर हालत के कारण किसी बड़ी दुर्घटना को न्योता दे रहा है। लगातार ओवरलोड हाइवा और टिप्परों के आवागमन से इस पुल की हालत खस्ता हो चुकी है। इस गंभीर मुद्दे को सी जी संविधान न्यूज़ ने प्रमुखता से उठाया, जिसके बाद नगरपालिका उपाध्यक्ष बबलू सिद्दीकी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए पुल का निरीक्षण किया और AM/NS व NMDC प्रबंधन को आड़े हाथों लिया।
*सी जी संविधान न्यूज़* की खबर के बाद उपाध्यक्ष ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कहा, “AM/NS और NMDC को तत्काल ओवरलोडिंग पर रोक लगानी चाहिए। इस जर्जर पुल से प्रतिदिन 10 से 15 हजार मेट्रिक टन अयस्क का परिवहन हो रहा है, जबकि यह पुल केवल 9 टन की क्षमता के लिए बनाया गया था। 40-50 टन वजन वाले वाहनों के कारण पुल की हालत बद से बदतर हो गई है।”
कड़मपाल में स्थित NMDC का स्लाइम डैम और AM/NS का टेलिंग डैम से रोजाना हजारों टन अयस्क का परिवहन इसी मार्ग से होता है। उपाध्यक्ष ने बताया कि जब इस पुल का निर्माण हुआ था, तब बड़े वाहनों का चलन नहीं था और यह केवल आम जनता के आवागमन के लिए था। लेकिन आज 10 और 12 चक्का वाहनों से ओवरलोड परिवहन ने इसकी नींव हिला दी है।
*ठेकेदारों की मजबूरी, कंपनियों की लापरवाही*
उपाध्यक्ष ने AM/NS और NMDC पर ठेकेदारों को कम दर पर निविदा देने का आरोप लगाया, जिसके कारण ठेकेदार ओवरलोडिंग को मजबूर हैं। इससे न केवल पुल, बल्कि पूरे मार्ग को भारी नुकसान हो रहा है। आसपास के आदिवासी गांवों के लोग भी इस कीचड़ और गड्ढों से भरे मार्ग पर दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं।
*नया पुल बनाने की मांग*
बबलू सिद्दीकी ने मांग की है कि PWD पुल के समानांतर एक नया पुल बनाया जाए और मौजूदा पुल को केवल आम जनता के आवागमन के लिए छोड़ा जाए। यह मार्ग किरंदुल को पलनार, नकुलनार, सुकमा होते हुए आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के हैदराबाद से जोड़ता है, जहां हजारों लोग रोजाना सफर करते हैं। उन्होंने कहा, “40-50 सालों से इस मार्ग से अयस्क परिवहन हो रहा है, लेकिन इसे पक्का करने या वैकल्पिक व्यवस्था करने की दिशा में कोई कदम नहीं उठाया गया। यह AM/NS और NMDC की लापरवाही को दर्शाता है।”
*सी जी संविधान न्यूज़ की सराहना*
उपाध्यक्ष ने सी जी संविधान न्यूज़ की इस मुद्दे को उठाने के लिए सराहना की और कहा कि उनकी खबर ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को त्वरित कार्रवाई के लिए प्रेरित किया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ओवरलोडिंग पर रोक और नए पुल का निर्माण नहीं हुआ, तो भविष्य में बड़ी दुर्घटना से इनकार नहीं किया जा सकता।
*निष्कर्ष*
इस खबर ने एक बार फिर सी जी संविधान न्यूज़ की जनहितकारी पत्रकारिता को सामने लाया है, जिसके दबाव में नगरपालिका उपाध्यक्ष ने AM/NS और NMDC जैसी बड़ी कंपनियों को कठघरे में खड़ा किया। अब देखना यह है कि क्या ये कंपनियां इस गंभीर मुद्दे पर त्वरित कार्रवाई करती हैं या जनता की सुरक्षा को और खतरे में डालती हैं।

