*एनएमडीसी किरंदुल परियोजना का CSR योगदान: ग्राम किलेपाल में देवगुड़ी का निर्माण व तीन स्वरोजगार दुकानों का उद्घाटन*
दंतेवाड़ा (बस्तर) : एनएमडीसी किरंदुल परियोजना ने एक बार फिर ग्रामीण विकास और सांस्कृतिक संरक्षण की मिसाल पेश की है। कंपनी के सीएसआर मद से आज दंतेवाड़ा जिले के कुंवाकोंडा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम किलेपाल में देवगुड़ी का निर्माण कराया गया तथा ग्रामीणों को स्वरोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से तीन व्यवसायिक दुकानों का उद्घाटन किया गया।
उद्घाटन समारोह
परियोजना प्रमुख रविंद्र नारायण और के.एल. नागवेणी के करकमलों से यह कार्यक्रम संपन्न हुआ। रविंद्र नारायण ने दुकानों का रिबन काटकर उद्घाटन किया, जबकि के.एल. नागवेणी ने नवनिर्मित देवगुड़ी में पूजा-अर्चना कर रिबन काटा।
समारोह में जनप्रतिनिधियों सहित सैकड़ों ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। ग्रामीणों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी, क्योंकि यह पहल उनके सांस्कृतिक भावनाओं के साथ-साथ आर्थिक स्वावलंबन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
भविष्य की योजनाएं
उद्घाटन अवसर पर परियोजना प्रमुख रविंद्र नारायण ने अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि क्षेत्र में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए पंचायत प्रतिनिधियों, सरपंचों और जनप्रतिनिधियों के साथ तत्काल बैठक कर आवश्यक व्यवस्था की जाए।
उन्होंने महिलाओं के सशक्तिकरण पर विशेष जोर देते हुए के.एल. नागवेणी को सलाह दी कि चूंकि इस क्षेत्र में महिला जनप्रतिनिधि अधिक संख्या में हैं, इसलिए सभी महिला प्रतिनिधियों से संपर्क कर महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं।
ग्रामीणों की प्रतिक्रिया
इस पहल से ग्राम किलेपाल सहित आसपास के गांवों में खुशी का माहौल है। ग्रामीणों ने एनएमडीसी किरंदुल परियोजना का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि कंपनी न केवल रोजगार के अवसर उपलब्ध करा रही है, बल्कि सांस्कृतिक एवं धार्मिक स्थलों के विकास के माध्यम से गांव की पहचान को भी मजबूत कर रही है।
यह उद्घाटन एनएमडीसी किरंदुल परियोजना की “गांव-गांव तक विकास और स्वावलंबन” की प्रतिबद्धता को दोहराता है। कंपनी लगातार शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वरोजगार और सांस्कृतिक संरक्षण जैसे क्षेत्रों में सार्थक कार्य कर स्थानीय समुदाय के समग्र विकास में योगदान दे रही है।

