*समेली ग्राम पंचायत के बोड़ेपारा में प्राथमिक एवं माध्यमिक शाला की भयावह स्थिति उजागर*
समेली ग्राम पंचायत के बोड़ेपारा स्थित सरकारी प्राथमिक और माध्यमिक शाला का हालिया निरीक्षण एक गंभीर चेतावनी लेकर आया है। निरीक्षण के दौरान शौचालय और किचन की हालत बेहद खराब और असंतोषजनक पाई गई। बच्चों की दर्ज संख्या बेहद कम है, जबकि अधिकांश बच्चों के घर स्कूल के ठीक आसपास ही हैं।
यह स्थिति सिर्फ सुविधाओं की कमी नहीं, बल्कि पूरे गांव के भविष्य के लिए खतरा बन चुकी है। अगर अभिभावक अपने बच्चों को नियमित रूप से स्कूल नहीं भेजेंगे, तो धीरे-धीरे सरकारी स्कूल बंद होने की नौबत आ सकती है। एक बार स्कूल बंद हो गया तो गांव के बच्चों की शिक्षा का रास्ता हमेशा के लिए बंद हो जाएगा।
ग्रामीणों से चर्चा के दौरान सभी अभिभावकों से बच्चों को नियमित स्कूल भेजने का आग्रह किया गया। सरकारी स्कूल गांव और बच्चों के भविष्य की सबसे महत्वपूर्ण आधारशिला हैं। अगर संख्या लगातार गिरती रही तो स्कूल का अस्तित्व ही खतरे में पड़ जाएगा।
अब जरूरत है कि ग्रामीण, अभिभावक और शिक्षक मिलकर स्कूल को बचाने और बच्चों की शिक्षा पर पूरा ध्यान देने का काम करें। साथ ही शौचालय, किचन और अन्य जरूरी सुविधाओं को दुरुस्त कराने के लिए तुरंत पहल की जाएगी।
चेतावनी साफ है — अगर अभी ध्यान नहीं दिया गया तो यह स्कूल सिर्फ इमारत बनकर रह जाएगा, और गांव के बच्चों का भविष्य अंधेरे में चला जाएगा।

