*किरंदुल में धूमधाम से मनाई गई संत श्री गुरु घासीदास बाबा जयंती*
किरंदुल, 22 दिसंबर 2025: छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले स्थित किरंदुल में सतनामी समाज ने बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ संत श्री गुरु घासीदास बाबा की जयंती मनाई। गुरु घासीदास बाबा सतनाम पंथ के संस्थापक और समाज सुधारक हैं, जिन्होंने ‘मनखे-मनखे एक’ का संदेश देकर समानता और सत्य का प्रचार किया।
कार्यक्रम की शुरुआत सतनामी समाज द्वारा ध्वज रैली से हुई, जिसमें बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए। इसके बाद सतनाम भवन में स्थित जैतखाम स्तंभ पर मुख्य अतिथि एनएमडीसी परियोजना प्रमुख रविंद्र नारायण ने ध्वजारोहण किया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण दुर्ग जिले से आए कलाकारों द्वारा प्रस्तुत विश्व की सबसे तेज गति वाला पंथी नृत्य रहा। इस रोमांचक और ऊर्जावान प्रस्तुति ने दर्शकों का मन मोह लिया और पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। पंथी नृत्य सतनामी समाज की पारंपरिक लोक कला है, जो गुरु घासीदास बाबा की शिक्षाओं को जीवंत रूप देती है।
इस अवसर पर दंतेवाड़ा से अपर कलेक्टर रमेश पात्रे का भव्य स्वागत किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि रविंद्र नारायण (एनएमडीसी), नगर पालिका अध्यक्ष रूबी सिंह AM/NS csr से डॉ तेजप्रकेश सहित समाज के गणमान्यजन और नगर के प्रतिष्ठित नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
सतनामी समाज के सदस्यों ने गुरु घासीदास बाबा की शिक्षाओं को याद करते हुए समानता, सत्य और अहिंसा के संदेश को दोहराया। यह आयोजन न केवल धार्मिक उत्सव था, बल्कि सामाजिक एकता का प्रतीक भी बना।

